उत्तर न बन पड़ना एक प्रचलित लोकोक्ति अथवा हिन्दी मुहावरा है ।
अर्थ -कोई उत्तर न सूझना,उत्तर देने में असमर्थ होना।
प्रयोग -चेतन को लगा,वे कोने से छड़ी लाकर उसे अभी पीटेंगे। वह अपने आप में सिमट गया और उससे कोई उत्तर नहीं बन पड़ा।-(अश्क)
| Refresh |
This website hi.bharatdiscovery.org/india/%E0%A4%89%E0%A4%A4%E0%A5%8D%E0%A4%A4%E0%A4%B0_%E0%A4%A8_%E0%A4%AC%E0%A4%A8_%E0%A4%AA%E0%A4%A1%E0%A4%BC%E0%A4%A8%E0%A4%BE is currently offline. Cloudflare\'s Always Online™ shows a snapshot of this web page from the Internet Archive\'s Wayback Machine. To check for the live version, click Refresh. |
उत्तर न बन पड़ना एक प्रचलित लोकोक्ति अथवा हिन्दी मुहावरा है ।
अर्थ -कोई उत्तर न सूझना,उत्तर देने में असमर्थ होना।
प्रयोग -चेतन को लगा,वे कोने से छड़ी लाकर उसे अभी पीटेंगे। वह अपने आप में सिमट गया और उससे कोई उत्तर नहीं बन पड़ा।-(अश्क)